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गले में खराश के लक्षण, कारण और इलाज – sore throat in hindi

गले की खराश क्या है – WHAT IS SORE THROAT IN HINDI

गले में दर्द, सूखापन या चुबन महसूस होने को गले की खराश के रूप में जाना जाता है. इसके सबसे आम लक्षणों में से एक गले में दर्द होना है.

अधिकांश मामलों में गले में खराश के कारण इंफेक्शन या वातावरण फैक्टर जैसे ड्राई एयर होते है. यह अपने आप ठीक हो जाते है.

गले में खराश को अलग अलग प्रकार और प्रभाव से समझा जा सकता है –

  • टॉन्सिलाइटिस – मुँह के पिछले हिस्से का सॉफ्ट टिश्यू जिसमें टॉन्सिल की सूजन या लाल हो जाना होता है.
  • लैरींगाइटिस – आवाज की नली की सूजन और लाल होने को इस स्थिति के रूप में जाना जाता है.
  • फ़ेरिन्जाइटिस – यह मुँह के सामने वाले हिस्से को प्रभावित करता है.

गले में खराश के लक्षण – sore throat symptoms in hindi

गले में खराश के लक्षण उसके कारण पर निर्भर करते है जिसके दौरान आपको जलन, सूखापन, ऐंठन, गले में चुबन आदि हो सकती है. जिस कारण निगलने या बात करने में परेशानी होती है. साथ ही गला या टॉन्सिल लाल दिखने लगता है.

कभी कभी ऐसे मामले देखने को मिलता है जिसमें वायरस के कारण टॉन्सिल में पस आदि भर जाता है. गले में खराश के साथ आपको निम्न लक्षण का अनुभव हो सकता है जैसे –

  • सिरदर्द
  • ठंड लगना
  • बुखार
  • खांसी
  • छिंकना
  • नाक बहना
  • शरीर में दर्द
  • निगलने में कठिनाई
  • भूख कम लगना
  • आवाज़ का भारीपन

गले में खराश के कारण – causes of sore throat in hindi

गले में खराश के कई कारण इंफेक्शन से लेकर इंजरी तक हो सकते है. लेकिन कुछ सबसे आम प्रकार है जैसे –

गैस्ट्रोएसोफेलग रिफ्लक्स रोग (गर्ड)

  • इस कंडीशन के दौरान पेट में बनने वाले एसिड एसोफेगस के जरिए वापस ऊपर आता है.
  • एसोफेगल हमारे पेट को मुँह से जोड़ने वाली नली होती है.
  • एसिड के गले की तरफ जाने से हार्टबर्न, एसिड रिफ्लक्स जैसे लक्षण दिखाई देते है.

एलर्जी

  • जब हमारा इम्यून सिस्टम एलर्जी के प्रति रिएक्ट करता है तो वह केमिकल रिलीज करता है.
  • इससे नेजल कंजेशन, आंखों में पानी आना, छिंकना और गले में जलन हो सकती है.
  • नाक में ज्यादा म्यूकस गले में जा सकता है जिससे गले में जलन, खराश हो सकते है.

सर्दी, फ्लू और अन्य वायरल इंफेक्शन

  • इंफ्लूएंजा
  • सर्दी खांसी
  • मीसल्स
  • चिकनपॉक्स
  • मम्पस

धुँआ, केमिकल आदि

  • कई केमिकल और वातावरण में मौजूद अन्य तत्वों के कारण गले में खराश आदि हो सकते है.
  • इसके मुख्य कारणों में वायु प्रदूषण, सिग्रेट और अन्य तंबाकू उत्पाद आदि.

अन्य बैक्टीरियल इंफेक्शन

  • गेल में खराश के कारणों में से एक बैक्टीरियल इंफेक्शन भी होते है.
  • इसके सबसे आम कारणों में से एक स्ट्रेप थ्रोट होता है जो गले और टॉन्सिल का कारण बनता है.

ट्यूमर

  • गले, वोकल कॉर्ड या जीभ पर ट्यूमर के कारण गले की खराश होना बहुत मुश्किल है.
  • अगर ऐसी स्थिति होती है तो वह कैंसर का कारण बन सकती है और खुद से थोड़े दिनों में ठीक नही होती है.
  • ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए.

इंजरी

  • गर्दन में किसी प्रकार की चोट आदि के कारण दर्द हो सकता है.
  • इसके अलावा गले में भोजन अटकने के कारण भी गला अंदर से छिल सकता है.
  • जिससे बोलने के अलावा कुछ भी निगलने में परेशानी हो सकती है.
  • जबकि किसी गंभीर चोट लगने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह ली जानी चाहिए. 

ड्राई एयर

  • सूखी हवा हमारे मुँह और गले से हवा खींचकर इसे सूखा और खराश युक्त कर सकती है.
  • ऐसा सर्दियों में कमरे में हीटर चलाने से होता है.

गले में खराश के घरेलू उपचार – home remedies for sore throat in hindi

इसका इलाज में घर में किया जा सकता है. इसके लिए अपने इम्यून सिस्टम को आराम देना होता है जिससे इंफेक्शन से लड़ने में मदद मिले. जबकि इसके दर्द से राहत के लिए –

  • गर्म या गुनगुना पानी में आधा चम्मच नमक डालकर गरारे करने से लाभ मिलता है.
  • कुछ गर्म तरल जिससे गले में राहत मिले जैसे शहद के साथ गर्म चाय, गुनगुना नींबू पानी.
  • हर्ब्ल चाय गले की खराश में आराम देने में मदद करती है.
  • इसके अलावा जलन आदि में कुछ ठंडा जैसे आईस्क्रीम खाकर ठीक किया जा सकता है.
  • जब तक गला ठीक न हो तब तक कम बोलने की कोशिश करें.

डॉक्टर को कब दिखाएं – when to see a doctor in hindi

वायरल इंफेक्शन के कारण गले की खराश 2 से 7 दिनों के अंदर अपने आप ठीक हो जाती है. लेकिन फिर भी कुछ कारण ऐसे है जिनका इलाज तुरंत होना चाहिए. निम्न लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए.

  • कान में दर्द
  • गर्दन में दर्द या ऐंठन
  • जोड़े की सूजन
  • सांस लेने में तकलीफ या दर्द
  • निगलने में कठिनाई
  • गंभीर गले की खराश
  • बलगम में ब्लड आना
  • एक हफ्ते से अधिक समय तक गले में खराश आना
  • 101 डीग्री फेरानाइट से अधिक बुखार होना
  • मुंह खोलने में परेशानी

गले में खराश का पता कैसे लगाएं – how a sore throat is diagnosed in hindi

  • डॉक्टर आपकी जांच करेंगे और आपसे लक्षणों के बारे में पूछेंगे.
  • जांच के दौरान गले को अंदर से देखने के लिए लाइट का उपयोग कर सकते है जिससे सूजन, लालामी या वाइट स्पॉट नज़र आ जाएं.
  • ग्लैंड की सूजन का पता लगाने के लिए डॉक्टर गर्दन को छूकर भी जांच सकते है.
  • स्ट्रेप थ्रोट के मामले में टेस्ट किया जाता है जिससे बैक्टीरिया का पता लगान के लिए सैंपल लिया जाता है.
  • जबकि कान, नाक, गले से संबंधित समस्याओं के लिए आपको ईएनटी डॉक्टर को दिखाना चाहिए. जिससे वह समस्या के आधार पर आपको उचित उपचार दे सकते है. 

अंत में

गले में खराश के मुख्य कारण जैसे वायरल और बैक्टीरियल इंफेक्शन जिनके कारण इंजरी या जलन आदि हो सकती है. अधिकांश गले में खराश की समस्याएं कुछ दिनों में खुद से ठीक हो जाती है. आराम करें, गर्म तरल, नमक के पानी से गरारे और डॉक्टर द्वारा बताई गई ओटीसी दवाओं की मदद से घर में गले की खराश का इलाज किया जा सकता है.

बैक्टीरियल इंफेक्शन जैसी समस्याओं को डॉक्टर की सलाह के बाद एंटीबायोटिक्स की मदद से ठीक किया जा सकता है. जबकि इसके गंभीर लक्षणों में सांस लेने में तकलीफ, निगलने में कठिनाई, तेज़ बुखार या गर्दन की ऐंठन हो सकती है.



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