Get Even More Visitors To Your Blog, Upgrade To A Business Listing >>

Birbal Ki Salah – बीरबल की सलाह – Funny Short Akbar Birbal Story

एक दिन बादशाह अकबर किसी कारन अपनी प्यारी बेगम से नाराज हो गए और उनका गुस्सा इतना बढ़ की उन्होंने अपनी उस बेगम को महल से निकल जाने की आज्ञा देदी।

उस हुकुम को सुनकर बेगम ने बादशाह को पर्सन करने की बहुत कोशिश की, पर सब बेकार। जब बेगम ने देखा की रोने वह गिड़गिड़ाने से काम बनने की बजाए बिगड़ने की ही संभावना ह तो उसने बादशाह की आज्ञा का पालन करना ही उचित समझ। अपनी बंदी को जरुरी सामान बाँड्ने की आज्ञा देकर बेगम बादशाह के सामने चलते समय माफ़ी मांगे गयी।

बादशाह ने अपनी आज्ञा में परिवर्तन नहीं किया वह बेगम से बोले -“तुम अपनी पसंद की एक चीज जो तुम्हे सबसे अछि लगती हो, महल से ले जा सकती हो ”

लाचार होकर बेगम अपने मायके जाने को तैयार हुई। लेकिन उसी वक़्त उसे बीरबल की याद आयी और तुरंत ही उसने बीरबल को बुलवाया। जैसे ही बीरबल आये। बेगम ने सब बाते कह सुनाई और उनसे बादशाह को पर्सन करने वाली तरकीब बताने की प्राथना की। बीरबल उन्हें जरुरी सलाह देकर वापस चले गए।

अब बेगम का माल -असबाब गाड़िया पर लादा जाने लगा और बेगम के लिए पालकी सजाई जाने लगी। महल छोड़ने से पूर्व बेगम के लिए पालकी सजाई जाने लगी। महल छोड़ने से पूर्व बेगम फिर बादशाह के पास आयी और आँखों में आंसू भरकर बोली -“जहापनाह, जब आप मुझे हमेशा के लिए विदाई दे रहे ह तो आज मेरी एक अर्जी मंजूर कीजिये, आपकी दासी आज चलते वक़्त अपने हाथो से आपको एक गिलास जाम-ये-शरबत पिलाना चाहती ह। ‘अब न जाने कब ऐसा मौका मिले”

बेगम के विनती स्वर को देखकर बादशाह पिघल गए और उसे अनुमति देदी। फिर क्या था बेगम ने बढ़िया शराब से भरा गिलास बादशाह को लेकर पिलाया। शराब के नशे में बादशाह बेखबर हो गया। बेगम ने अवसर पाकर बीरबल की सलाह के अनुसार एक पालकी पर बादशाह को सुलाकर और एक में खुद बैठकर मायके का मार्ग लिया। वह पहुचकर बादशाह को पलंग में लेटकर खुद उनके पास बैठ गयी। रात भर बादशाह की निगरानी करते करते रानी रात को भी न सोई थी और वह बैठ बैठे उनकी आँख लग गयी। बादशाह के जागते ही रानी की भी आँख खुल गयी और वह बैठकर उन्हें पंख करने लगी।

बादशाह ने बेगम से पूछा -“में कहा हु”
बेगम ने कहा -“जहापनाह आप अपनी ससुराल में हैं”
बादशाह ने पूछा -“में यहाँ कैसे आया”

बेगम ने नम्रता पूर्वक कहा -“हुजूर आप ही ने तो कहा था की में अपनी मनपसंद चीज लेकर महल से चली जाऊ। में कसम कहकर कहती हु दुनिया में आप से ज्यादा मेरी लिए कोई प्यारा नहीं ह और आप ही मेरे मनपसंद हो ” इसलिए मैंने आपको ही साथ लाना उचित समझ।

बेगम ने प्रेमपूर्ण वचनों से बादशाह का गुस्सा शांत हो गया और उन्होंने बेगम का कसूर माफ़ कर दिया। वापस आकर बेगम ने बीरबल को बहुत धन्यवाद दिया। और बहुत सारे जेवरात उसे उसकी सलाह का इनाम दिया।

The post Birbal Ki Salah – बीरबल की सलाह – Funny Short Akbar Birbal Story appeared first on Hindi Gyaan.



This post first appeared on Hindi Gyaan, please read the originial post: here

Share the post

Birbal Ki Salah – बीरबल की सलाह – Funny Short Akbar Birbal Story

×

Subscribe to Hindi Gyaan

Get updates delivered right to your inbox!

Thank you for your subscription

×