Get Even More Visitors To Your Blog, Upgrade To A Business Listing >>

सावधान देश की जनता, ये लोग हिन्दुओ को बांटकर उनको कमजोर करना चाहते है !

आज का हिन्दू समाज दुनिया का सबसे निष्क्रिय समाज है ये सनातन धर्म हमारे पूर्वजो की पहचान है जिसके हम वंशज है ये हमारी पहचान है सनातन धर्म ही भारत की पहचान है धर्म के बिना भारत एक दिन कायम नही रह सकता .

पाकिस्तान और बंगलादेश भी भारत ही था न, सनातन धर्म कमजोर हुआ और वहां से भारत लुप्त हो गया कश्मीर से भारत लुप्त हो ही चूका है हिन्दू ऐसा समाज है जोकि धीरे-धीरे अपने ही देश को अपने सामने लुप्त होता देख रहा है क्यूंकि हिन्दू बेहद निष्क्रिय है और अपने मूल धर्म व् संस्कारों के प्रति संवेदनहीन है .

मायावती से लेकर लालू यादव व् अखिलेश यादव से लेकर केजरीवाल और कांग्रेस के साथ-साथ तमाम सेक्युलर तत्व हमारे देश के लोगो को क्या बताते है ???

ये सभी हिन्दुओ को बताते है कि वो मनुवादी है तुम दलित हो , तुम ओबीसी हो और तुम स्वर्ण हो ये आदिवासी है वो मूल निवासी है ,ये बाहरी है तुम हरिजन हो और वो ये है वो ये नही है .

पर यही सभी नेता मुस्लिमो को क्या बताते है ????
” तुम केवल अल्पसंख्यक हो “

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि मुस्लिमो में भी बहुत तरह की जातियां है यहाँ तक की उनके तो मस्जिद और नमाज पढने का तरीका भी अलग-अलग है हिन्दुओ के बीच ये लोग खाई खोदते है हिन्दुओ को नही बताते कि तुम हिन्दू हो ये हिन्दुओ को बांटकर समाज को कमजोर करते है और मुर्ख हिन्दू इन लोगो की बातों में आकर बंट भी जाता है

अगर हम कुछ गलत कह रहे है तो उपर से नीचे तक एक बार फिर से पढिये हमने क्या लिखा है और एक मिनट निष्पक्ष होकर जरा सोचिए अगर ये लोग इतने ही अच्छे है सेक्युलर है सांप्रदायिक नही है तो ये लोग भारत के बहुसंख्यक समाज को एकजुट क्यों नही करते ये लोग उसे बांटते क्यों रहते है हम अपने सभी हिन्दू भाईयो से केवल इतना ही कहना चाहेंगे ” थोडा सोच का इस्तेमाल करो और इन लोगो से इस पावन धरती को बचाओ अन्यथा ये भी लुप्त होगी “.

The post सावधान देश की जनता, ये लोग हिन्दुओ को बांटकर उनको कमजोर करना चाहते है ! appeared first on Hindutva.



This post first appeared on Pursuing The Sublime Ganges – From Heaven To Ear, please read the originial post: here

Share the post

सावधान देश की जनता, ये लोग हिन्दुओ को बांटकर उनको कमजोर करना चाहते है !

×

Subscribe to Pursuing The Sublime Ganges – From Heaven To Ear

Get updates delivered right to your inbox!

Thank you for your subscription

×