Get Even More Visitors To Your Blog, Upgrade To A Business Listing >>

मित्र मंडली -117


एक अनुरोध : G+ के जाने से पाठकों एवं रचनाकारों को नए पोस्ट खोजने में परेशानी हो रही है। इस समस्या से निपटने के लिए दो उपाए हैं : 1. अपने ब्लॉग पर रीडिंग लिस्ट को क्लिक कर अपने पसंदीदा ब्लॉग के नए पोस्ट को क्रमवार सूची में देख एवं पढ़ सकते हैं।  2. अगर आपको कोई ब्लॉग अच्छा लगता है तो उस ब्लॉग को अनुशरण करें ताकि उस ब्लॉग का पोस्ट आपके रीडिंग लिस्ट में आ सके। 
धन्यवाद !
आपका - राकेश कुमार श्रीवास्तव "राही" 
इस सप्ताह के छह रचनाकार

एक कहानी अनजानी !

मीना शर्मा जी 

अपने मन की बातों को मखमली एहसासों एवं सुंदर शब्द-शिल्प से सजा कर अपने प्रिय से संवाद करती सुंदर रचना।

"उस पार"

मीना भारद्वाज  जी 

मछुआरों की तंगहाली और मजबूरियों को आत्मसात करती भावपूर्ण रचना।


मैं रहूँ या न रहूँ

श्वेता सिन्हा जी 

प्यार के सुखद पल एवं स्त्री के कोमल भावनाओं को व्यक्त करती सुंदर भावपूर्ण रचना।

बेटी----माटी सी

सुधा देवरानी जी 
स्त्री के मनःस्थिति को उजागर करती  सुन्दर भाव पूर्ण प्रस्तुति।

काठमांडू, पशुपति-निवास हूँ!

विश्व मोहन जी

शिव-भक्त के ह्रदय से निकली, सुंदर शब्द विन्यास से सजी पशुपति नाथ जी की महिमा का गुणगान करती रचना। 

कहीं हम न हैं

पुरुषोत्तम कुमार सिन्हा जी 

अहंकार की आग में जलता प्रेम और एक छत के नीचे सिसकती दो ज़िन्दगी की मर्म को व्यक्त करती दर्द भरी भावाभिव्यक्ति।"


नोट : पुराने मित्र-मंडली पोस्टों को मैंने मित्र-मंडली पेज पर सहेज दिया है और अब से प्रकाशित मित्र-मंडली का पोस्ट 7 दिन के बाद केवल मित्र-मंडली पेज पर ही दिखेगा, जिसका लिंक नीचे दिया जा रहा है : https://rakeshkirachanay.blogspot.com/p/blog-page_25.html मित्र-मंडली के प्रकाशन का उद्देश्य मेरे मित्रों की रचना को ज्यादा से ज्यादा पाठकों तक पहुँचाना है। आप सभी पाठकगण से निवेदन है कि दिए गए लिंक के पोस्ट को पढ़ कर, टिप्पणी के माध्यम से अपने विचार जरूर लिखें। विश्वास करें ! आपके द्वारा दिए गए विचार लेखकों के लिए अनमोल होगा।






This post first appeared on RAKESH KI RACHANAY, please read the originial post: here

Share the post

मित्र मंडली -117

×

Subscribe to Rakesh Ki Rachanay

Get updates delivered right to your inbox!

Thank you for your subscription

×